इस राज्य में इलेक्ट्रिक व्हीकल और CNG कार खरीदना हो गया सस्ता, नहीं देना होगा कोई टैक्स

इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर या फोर व्हीलर खरीदारों को अब रजिस्ट्रेशन फीस के साथ-साथ किसी भी प्रकार की फीस का भुगतान नहीं करना होगा.

यही वजह है कि बीते कुछ सालों में इलेक्ट्रिक व्हीकल और सीएनजी कारों की  मांग तेजी से बड़ी है. राज्य सरकारें अपने स्तर पर ग्राहकों को कई प्रकार  के ऑफर रही हैं. 

नई दिल्ली. पेट्रोल-डीजल पर निर्भरता कम करने के लिए केंद्र सरकार के साथ-साथ कई राज्य सरकारें भी लगातार कोशिश कर रही हैं.  

इसी बीच पश्चिम बंगाल सरकार ने भी घोषणा की है कि राज्य में इलेक्ट्रिक  टू-व्हीलर या फोर व्हीलर खरीदारों को अब रजिस्ट्रेशन फीस के साथ-साथ किसी  भी प्रकार की फीस का भुगतान नहीं करना होगा. 

इसके अलावा लोग सीएनजी कार खरीदने की योजना बना रहे हैं, उन्हें भी राज्य में इसी तरह की छूट दी जाएगी. 

राज्य सरकार के अनुसार, ईवी या सीएनजी का विकल्प चुनने वाले नई कार या  दोपहिया खरीदारों को पंजीकरण शुल्क और अन्य करों का भुगतान करने की  आवश्यकता नहीं है.  

अगर किसी व्यक्ति ने पिछले दो महीनों में ऐसा वाहन खरीदा है, तो वह  रजिस्ट्रेशन शुल्क समेत भरी गई किसी प्रकार की फीस वापस लेने के लिए दावा  नहीं कर सकता है 

हालांकि, राज्य सरकार 1 अप्रैल 2022 से 31 मार्च 2024 के बीच जितने दिनों  के लिए कर का भुगतान किया गया है, उतने दिनों के लिए कर वैधता के विस्तार  के रूप में वित्तीय प्रोत्साहन की पेशकश करेगी. 

“बैटरी से चलने वाले इलेक्ट्रिक वाहनों में निवेश को प्रोत्साहित करने और  कार्बन फुटप्रिंट में कमी को प्रोत्साहित करने और पेट्रोल/डीजल पर निर्भरता  को कम करने के लिए इस तरह की वित्तीय राहत या छूट देना जरूरी था.